खीरीबाग में अरशद जमाल की भब्य जनसभा आयोजित-अरशद जमाल

खीरीबाग में अरशद जमाल की भब्य जनसभा आयोजित
साम्प्रदायिक ताकतों को रोकने के लिए साइकिल की सवारी जरूरी-सालिम अंसारी
अपने हाथों में ही रखें शहर के विकास का रिमोट-सुधाकर सिंह
संगतघाट बन्धे को जोड़ने की दी थी जुबान, तकनीकी दिक्कत के चलते वापस लेना पड़ा था चेक, अपने पास से अदा की 20 लाख रुपये की बड़ी रकम-अरशद जमाल

मऊनाथ भंजन। शहर के ऐतिहासिक एवं प्रसिद्ध खीरीबाग के मैदान में अरशद जमाल की तरफ से चुनाव में जनसमर्थन के सम्बन्ध में आज पहली चुनावी जन सभा का आयोजन किया गया। इस जनसभा में अन्य दलों के दिग्गज नेताओं ने भी खुलकर शहर के विकास और मऊ की जनता की बेहतरी के लिए अरशद जमाल के साथ पूर्ण सहयोग की घोषणा की। मुख्य अतिथि सालिम अंसारी पूर्व सांसद (राज्य सभा) और विशिष्ट अतिथि सुधाकर सिंह पूर्व विधायक घोसी मौजूद थे। खीरीबाग का मैदान खचाखच भरा हुआ था। इतनी बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ इस बात का प्रतीक थी कि आगामी 29 नवम्बर को मऊ नगर पालिका के अध्यक्ष पद पर अपने प्रतिनिधि के चुनाव में यहाँ की जनता अब केवल विकास को ही अपना मुख्य मुद्दा बना चुकी है और इस संदर्भ में अरशद जमाल ही जनता की उम्मीदों के केंद्र हैं।
 
 
मास्टर इजहारुलहक अंसारी, कामरेड अनीस अहमद, एख्लाक अहमद, मुख्तार हुसैन, शम्भू नाथ ने संयुक्त रूप से कहा कि मऊ के चहारसू विकास को अधिक गति देने के लिए इस चुनाव में यहां की जनता को एक ऐसे नेता का चयन करना है जो क्षेत्र की समस्याओं और सार्वजनिक दिक्कतों के समस्त स्रोत से भली-भांति अवगत हो। वह शहर की निगरानी करते हुए हर आवश्यक संसाधन बिना किसी भेदभाव के मुहैया कराये। उन्होंने कहा कि जब भी जरूरत पड़ी तो अरशद जमाल ही मौके पर मौजूद रहे। इन्होंने ही अपने विकास एवं निर्माण कार्याें से शहर की सूरत बदली है। इनके इलावा कोई अन्य हमारे लिये नहीं लड़ता। लोगों की पीड़ा, गरीबों की सहायता, गरीबों पर होने वाले अत्याचार के विरुद्ध यही खड़े रहते हैं और नगर वासियों के लिये सभी आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराते हैं।
 
 
समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष धर्मप्रकाश यादव व घोसी के पूर्व विधायक सुधाकर सिंह ने कहा कि इस प्रसिद्ध मैदान में मौजूद इतनी बड़ी भीड़ देखकर मुझे ऐसा लगता है कि आप अब मऊ की राजनीति का रिमोट स्वयं अपने हाथों में ही रखने का फैसला कर चुके हैं। आपका यह राजनैतिक कदम दूरगामी परिणाम का प्रतीक है। यह आपका विशेष अधिकार है जो लोकतान्त्रिक व्यवस्था के अन्तर्गत आपको संविधान द्वारा दिया गया है ताकि इसके प्रयोग के जरिये आप अपने भविष्य को उज्ज्वल बनायें। स्व0 कल्पनाथ राय के बाद अरशद जमाल ही हैं जिन्होंने उस विकास पुरूष के निधन के बाद उनका अनुश्रण करते हुये आज भी मऊ शहर के विकास की व्यवस्था और प्रबन्धन को बनाये रखा है। इस लिये जरूरत इस बात की है कि आप अपने हितों को ध्यान में रखकर अपने मताधिकार का उपयोग अरशद जमाल के पक्ष में करें, ताकि शहर सुरक्षित हाथों में रहे और आपका भविष्य उज्ज्वल हो तथा क्षेत्रीय समस्याएं भी हल हो जायें।
 
 
श्री सालिम अंसारी पूर्व सांसद (राज्यसभा) ने इस चुनावी जनसभा को सम्बोधित करते हुए कहा कि मैं 28 वर्षों से राजनीति में हूँ। कभी किसी के साथ बदसलूकी नहीं की लेकिन बहुजन समाज पार्टी में हमारे साथ धोखा हुआ है। उन्होंने कहा कि देश के हालात साम्प्रदायिक ताकतों द्वारा रचित षड़यन्तों के चलते खराब होते जा रहे हैं। उन्हें रोकने के लिए हमारे नेता नसीमुद्दीन सिद्दीकी और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव जी से विचार विमर्श जारी है। बहुत जल्द हम पूर्ण रूप से समाजवादी पार्टी में सम्मिलित होंगे। उन्होंने कहा कि साम्प्रदायिक ताकतों को रोकने के लिए साइकिल की सवारी आवश्यक है। सूबे के विकास के लिए भी साइकिल की सवारी आवश्यक है। इस लिए आज हम अरशद जमाल को अपने सहयोग एवं समर्थन की घोषणा करते हंै। आप इनके पक्ष में अपने मताधिकार का उपयोग करें क्यों कि अन्य कोई नहीं जो आपके लिये शहर की समस्याओं का समाधान ढूँढे। उन्होंने कहा कि हम दोनों ने सईदी रोड को चैड़ा करने के लिए हर सम्भव प्रयास किया, लेकिन कुछ तकनीकी दिक्कत के चलते देर होती गयी और हम दोनों का कार्यकाल अब शेष नहीं रहा। लेकिन हमारे संकल्प जवान हैं। हम इस काम को पूरा करेंगे।
 
 
समाजवादी पार्टी से नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष पद के उम्मीदवार पूर्व चेयरमैन अरशद जमाल ने लोगों को सम्बोधित करते हुए कहा कि भाजपा, बहुजन समाज पार्टी और समाजवादी पार्टी ही चुनाव मैदान में हैं। आप को बहुजन समाज पार्टी और समाजवादी पार्टी के उम्मीदवारों के बीच ही उनकी क्षमता एवं दक्षता को जनहित में आंकलन करना है। देखा जाये तो उनकी नेता बहन जी, हमारे नेता अखिलेश यादव जिन्होंने प्रदेश का असाधारण विकास कर कीर्तिमान स्थापित किया है। मेरे और तैयब पालकी के बीच विकास कार्याें की तुल्ना आप स्वयं ही सुनिश्चित करें। क्या वे किसी भी क्षेत्र में मुझसे बेहतर हैं। श्री मुख्तार अंसारी इस समय बसपा से विधान सभा के सदस्य हैं। पिछले कई दशकों से वह हमारे विधायक हैं। उनका कार्यकाल देखें और मेरा एवं मेरी पत्नी शाहीना का कार्यकाल देखते हुये आंकलन करें कि शहर के लिए किसने काम किया है। आज विधायक जी के आधे से अधिक कार्यकर्ता मेरे साथ खड़े हैं। यह सिर्फ इस लिये कि वे सभी  मऊ के विकास को उच्च स्थान पर देखना चाहते हैं। मगर विधायक जी तैय्यब पालकी को इस लिये लड़वा रहे हैं ताकि नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष पर उनका पूर्ण नियंत्रण रहे। श्री जमाल ने कहा कि जो अपनी पार्टी और दल का वफादार नहीं हो सकता वह आपके साथ वफादारी कैसे कर सकता है। उन्होंने बताया कि संगतघाट पर टूटे हुये बन्धा रोड को जोड़ने के लिए नगर पालिका से सारा प्रबन्ध किया गया था। पर कुछ तकनीकी दिक्कत के चलते नगर पालिका द्वारा भुगतान की गई धनराशि वापस लेनी पड़ी, जिसके कारण काम में बाधा आयी लेकिन मुझे यह गवारा न हुआ कि काम बन्द हो जाये। बन्धारोड को जोड़ने का यह काम जो शहर को पूरी तरह जोड़ता है मेरे जीवन का सबसे महत्वपूर्ण विकास कार्य है। इस लिये 21 लाख रुपये का चेक नगर पालिका को वापस करवाते हुए मैं ने स्वयं अपनी जेब से 20 लाख रुपये की बड़ी रकम उस मकान मालिक को अदा की जिसका मकान खरीद कर टूटे हुये बांध को जोड़ना था। इतने बड़े चतुर्दिक विकास के रास्ते में आने वाली बाधा को दूर करने के लिये जनहित में ही मैंने इतनी बड़ी रकम खुद की जेब से भुगतान कर दी, क्योंकि इसके लिये मैं वादा कर चुका था। श्री जमाल ने कहा कि मुझे मऊ के विकास के साथ कोई समझौता नहीं करना, यह भी मेरा आपसे वादा है। उन्होंने मौजूद सभी दलों के नेताओं का धन्यवाद करते हुए कहा कि सभी को साथ लेकर चलेंगे और हम सब मिलकर मऊ के समुचित एवं चतुर्दिक विकास को सुनिश्चित करेंगे।
इस अवसर पर समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष धर्मप्रकाश यादव, कार्यकारिणी सदस्य अल्ताफ अंसारी, जिला महासचिव कुद्दूस अंसारी, शैलेन्द्र यादव साधु (पूर्व जिलाध्यक्ष), शमीम अहमद पूर्व सभासद, इकबाल अहमद सभासद, हाजी इर्शाद अहमद गल्ला वाले, मोहम्मद इब्राहीम, रशीद मोकादम, हस्सान ताहिर, जयप्रकाश यादव, शाह खालिद मोहम्मद अनस, शम्भूनाथ, अब्दुल्लाह अंसारी, मोलवी अबू सुफियान, शमीम अहमद, ओजैर अहमद, जयप्रकाश जिंदल आदि के इलावा इस ऐतिहासिक जनसभा में पंद्रह हजार से अधिक लोगों की भारी भीड़ मौजूद थी। बैठक की अध्यक्षता हाजी इर्शाद गल्ला वाले ने की तथा संचालन अख्लाक अहमद अंसारी ने किया।